विपक्ष का हल्लाबोल: छत्तीसगढ़ कांग्रेस सह प्रभारी के नेतृत्व में महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना के नाम में बदलाव और नियमों में परिवर्तन को लेकर महासमुंद में कांग्रेस ने किया धरना प्रदर्शन

महासमुंद। पीसीसी के निर्देश पर महासमुंद में आज कांग्रेस ने मनरेगा में बदलाव को लेकर एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया। धरना-प्रदर्शन में छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस के सह-प्रभारी विजय जांगिड, विधायक खल्लारी द्वारिकाधीश यादव, विधायक सरायपाली चातुरी नंद सहित बड़ी संख्या में जिलेभर के कांग्रेस के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। नए जिला अध्यक्ष की नियुक्ति के बाद कांग्रेस का यह पहला प्रदर्शन था जिसमें कांग्रेस ने भाजपा के नीतियों के विरोध में अपनी पूरी ताकत झोंक दी। इस दौरान छत्तीसगढ़ कांग्रेस के सह प्रभारी विजय जांगिड़ ने केंद्र एवं राज्य सरकार की नीतियों पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि, कांग्रेस पार्टी का रूप एकदम स्पष्ट है हम देश के मजदूरों के साथ अन्याय नहीं होने देंगे। हम देश के किसानों मजदूरों और ग्रामीणों के साथ खड़े हैं। भाजपा ने महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना का केवल नाम ही नहीं बदला है, बल्कि स्कीम भी बदल दिया है, ये जब चाहेंगे तब इस योजना को बंद कर देंगे। जिसका विरोध कांग्रेस सड़क से सदन तक कर रही है। वहीं विधायक एवं जिला अध्यक्ष द्वारिकाधीश यादव ने कहा कि, मनरेगा योजना में अब लगभग 40 प्रतिशत राशि का भार राज्य सरकार पर डाला जा रहा है, जिससे राज्य की आर्थिक स्थिति पर अतिरिक्त भार पड़ेगा। उन्होंने कहा कि, महात्मा गांधी ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के अंतर्गत मजदूरों को सौ दिन का रोजगार देने की कानूनी गारंटी पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह द्वारा दी गई थी। उस अधिनियम में मौजूदा सरकार द्वारा किया गया बदलाव उचित नहीं है। इतने बड़े कल्याणकारी योजना का संचालन इस नई व्यवस्था में राज्य सरकारों के लिए संभव नहीं होगा। इस कारण मनरेगा के अंतर्गत पर्याप्त कार्य उपलब्ध नहीं हो पाएगा, जिसका सीधा नुकसान गरीब एवं ग्रामीण मजदूरों को होगा। धरना-प्रदर्शन में कांग्रेस के विभिन्न मोर्चा-प्रकोष्ठों के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।



